रायपुर, 21 अगस्त। वाय के न्यूज। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि नक्सलवाद के विरुद्ध मिली सफलता के बाद बस्तर में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, संचार, रोजगार और आजीविका से जुड़ी विकास गतिविधियां तेज हुई हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य बस्तर में शांति के साथ विकास और समृद्धि की मजबूत नींव तैयार करना है।
मुख्यमंत्री ने यह बात शुक्रवार को मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में पत्र सूचना कार्यालय, चेन्नई के निदेशक पी. अरुण कुमार के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ आए चेन्नई के पत्रकारों के दल से चर्चा के दौरान कही। उन्होंने पत्रकारों से बस्तर में नक्सलवाद के विरुद्ध कार्रवाई के बाद विकास गतिविधियों, राज्य की नई औद्योगिक नीति, निवेश और रोजगार की संभावनाओं तथा शिक्षा-स्वास्थ्य के विस्तार पर चर्चा की।
साय ने कहा कि लगभग चार दशकों तक नक्सलवाद के कारण बस्तर में सड़क, बिजली, शिक्षा, स्वास्थ्य और संचार जैसी सुविधाएं पहुंचाना चुनौती रहा। उनके मुताबिक केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से नक्सलवाद के विरुद्ध सफलता मिली है और स्थानीय लोगों का विश्वास बढ़ा है।
उन्होंने कहा कि सुरक्षा कैंपों के आसपास के गांवों में ‘नियद नेल्लानार’ योजना के माध्यम से सरकारी योजनाओं और बुनियादी सुविधाओं का लाभ पहुंचाया जा रहा है। सड़क और मोबाइल कनेक्टिविटी के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली, राशन, बैंकिंग और आजीविका से जुड़ी सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बस्तर में पर्यटन की संभावनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक सौंदर्य, जलप्रपात, वन संपदा, जनजातीय संस्कृति, कला और परंपराओं के कारण क्षेत्र में पर्यटन के अवसर हैं। सरकार पर्यटन के माध्यम से स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ाना चाहती है।
नई औद्योगिक नीति में रोजगार और निवेश पर जोर
साय ने कहा कि राज्य की नई औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में रोजगार सृजन, स्थानीय संसाधनों के मूल्य संवर्धन और नए एवं उभरते क्षेत्रों के उद्योगों को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा सेंटर, इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, सेमीकंडक्टर, फार्मास्युटिकल, टेक्सटाइल और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में निवेश की संभावनाएं हैं।
मुख्यमंत्री के अनुसार पर्याप्त बिजली, अधोसंरचना, देश के मध्य में भौगोलिक स्थिति और कनेक्टिविटी राज्य को निवेश के लिए अनुकूल बनाती है। सरकार ऐसे निवेश पर जोर दे रही है, जिनसे युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा हों।
रायपुर-नवा रायपुर को एजुकेशन हब बनाने की बात
मुख्यमंत्री ने कहा कि रायपुर और नवा रायपुर को महत्वपूर्ण एजुकेशन हब के रूप में विकसित किया जा रहा है। उच्च और तकनीकी शिक्षा संस्थानों के विस्तार से विद्यार्थियों को राज्य में ही शिक्षा के अवसर उपलब्ध हो रहे हैं। उन्होंने स्वास्थ्य अधोसंरचना के विस्तार, दूरस्थ और जनजातीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने तथा मेडिकल शिक्षा के विस्तार का भी उल्लेख किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने चेन्नई से आए पत्रकारों को कोसा फैब के शॉल भेंट किए। पत्रकार दल ने मुख्यमंत्री को महाबलीपुरम मंदिर की प्रतिकृति स्मृति-चिह्न के रूप में भेंट की।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के सलाहकार आर. कृष्णा दास, जनसंपर्क आयुक्त रजत बंसल और मुख्यमंत्री के प्रेस अधिकारी आलोक सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
