रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और कोरबा में 240 ई-बसें चलाने की तैयारी; 38 निकायों में नालंदा परिसर, 31 का निर्माण जारी
रायपुर, 8 सितंबर, वाय के न्यूज़। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नगरीय निकायों में चल रहे विकास और नागरिक सुविधाओं से जुड़े कार्यों को तय समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए हैं। मंत्रालय महानदी भवन में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की समीक्षा बैठक में उन्होंने खास तौर पर पेयजल, स्वच्छता, सड़क, प्रकाश व्यवस्था और सार्वजनिक परिवहन जैसी सेवाओं की नियमित निगरानी पर जोर दिया।
अमृत मिशन 2.0 की समीक्षा के दौरान अपेक्षित प्रगति नहीं मिलने पर मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताई। उन्होंने लंबित कार्यों को मिशन मोड में पूरा करने और नगरीय क्षेत्रों में शत-प्रतिशत पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट में आधुनिक तकनीक और गुणवत्ता का ध्यान रखने को भी कहा गया।
चार शहरों में 240 ई-बसों की तैयारी
प्रधानमंत्री ई-बस सेवा की समीक्षा में अधिकारियों ने बताया कि रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और कोरबा में कुल 240 इलेक्ट्रिक बसें चलाने की तैयारी है। बस संचालन से पहले जरूरी डिपो, चार्जिंग और अन्य अधोसंरचना का काम मार्च 2027 से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ई-बसों से शहरों में सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाने के साथ पर्यावरण-अनुकूल परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा।
38 निकायों में नालंदा परिसर
युवाओं को अध्ययन के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रदेश के 38 नगरीय निकायों में सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन ‘नालंदा परिसर’ स्वीकृत किए गए हैं। इनमें 31 परिसरों का निर्माण फिलहाल जारी है। मुख्यमंत्री ने निर्माणाधीन परिसरों का काम तेज करने के निर्देश दिए।
नगरोत्थान योजना के तहत प्रदेश के 14 नगर निगमों में सड़क चौड़ीकरण, बाईपास, फ्लाईओवर, सर्विस लेन और अंडरपास जैसी अधोसंरचनाएं विकसित की जा रही हैं। वहीं ‘आदर्श शहर समृद्धि योजना’ के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 में 200 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है और 32 नगरीय निकायों का चयन किया गया है।

8 निकायों में 800 करोड़ रुपए के CBG प्लांट
बैठक में बताया गया कि प्रदेश के 8 नगरीय निकायों में लगभग 800 करोड़ रुपए की लागत से कम्प्रेस्ड बायो गैस (CBG) प्लांट स्थापित किए जा रहे हैं। इन परियोजनाओं का उद्देश्य शहरी कचरे के बेहतर प्रबंधन के साथ स्वच्छ एवं सतत ईंधन को बढ़ावा देना है।
मुख्यमंत्री ने प्रत्येक नगरीय निकाय में ठोस अपशिष्ट के वैज्ञानिक प्रसंस्करण की व्यवस्था विकसित करने के निर्देश दिए।
रायपुर की स्वच्छ हवा पर मिली सराहना
स्वच्छ वायु सर्वेक्षण-2026 में 10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों की श्रेणी में रायपुर को 189 अंक के साथ देश में छठा स्थान मिला है।
मुख्यमंत्री ने इस उपलब्धि के लिए विभाग और नगर निगम की टीम को बधाई दी। उन्होंने शहरों में हरित क्षेत्र बढ़ाने, कम वृक्ष वाले इलाकों को चिन्हित कर पौधरोपण करने और वायु गुणवत्ता सुधार के प्रयास जारी रखने को कहा।
आवास और शिकायतों के त्वरित निराकरण पर जोर
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 1.0 और 2.0 की समीक्षा करते हुए स्वीकृत आवासों के निर्माण, आवंटन और व्यवस्थापन की प्रक्रिया तेज करने को कहा, ताकि पात्र परिवारों को जल्द पक्के मकान मिल सकें।
मुख्यमंत्री हेल्पलाइन से जुड़ी नगरीय शिकायतों के निराकरण की भी समीक्षा की गई। उन्होंने शिकायतों का संवेदनशीलता के साथ त्वरित समाधान करने तथा नगरीय निकायों की वित्तीय स्थिति मजबूत करने के लिए राजस्व और कर संग्रह बढ़ाने पर जोर दिया।
