नई दिल्ली, 31 जुलाई 2026, वाय के न्यूज। संसद के मानसून सत्र के दसवें दिन शुक्रवार को लोकसभा और राज्यसभा में विपक्ष के जोरदार विरोध के कारण दिनभर गतिरोध बना रहा। विपक्ष ने NEET पेपर लीक, छात्र आंदोलन और प्रदर्शनकारी छात्रों पर कथित पुलिस कार्रवाई के मुद्दे पर तत्काल चर्चा तथा केंद्रीय गृह मंत्री से जवाब की मांग की। इस दौरान दोनों सदनों में नारेबाजी हुई और कार्यवाही कई बार स्थगित करनी पड़ी।
विपक्ष का आरोप था कि NEET परीक्षा में अनियमितताओं और छात्र आंदोलन से जुड़े घटनाक्रम पर सरकार जवाब देने से बच रही है। विपक्षी सांसदों ने 20 जुलाई को संसद की ओर मार्च कर रहे छात्र प्रदर्शनकारियों पर कथित पुलिस बल प्रयोग का मुद्दा भी उठाया और इस पर विस्तृत चर्चा की मांग की।
सरकार ने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि परीक्षा प्रणाली में सुधार और पेपर लीक पर रोक के लिए कई ठोस कदम उठाए जा चुके हैं। सरकार का कहना था कि विपक्ष राजनीतिक कारणों से संसद की कार्यवाही बाधित कर रहा है, जबकि महत्वपूर्ण विधायी कार्य पूरे किए जाने आवश्यक हैं।
लगातार हंगामे के बीच लोकसभा ने जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) विधेयक, 2026 पारित कर दिया। हालांकि प्रश्नकाल, शून्यकाल और अन्य सूचीबद्ध कार्य व्यवधान के कारण प्रभावित रहे। राज्यसभा में भी सामान्य कामकाज नहीं हो सका और सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित करनी पड़ी।
इस तरह मानसून सत्र का एक और दिन सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी राजनीतिक टकराहट की भेंट चढ़ गया। अगले सप्ताह भी इन मुद्दों पर संसद में तीखी बहस और गतिरोध जारी रहने की संभावना है।
